एयरपोर्ट विस्तारीकरण: जनहितों और सुझावों को रखा जाएगा सर्वोपरि: डीसी        धर्मशाला में पुनर्वास तथा पुनस्र्थापन प्रारूप कमेटी की बैठक आयोजित

धर्मशाला 24 फरवरी। उपायुक्त हेमराज बैरवा ने कहा कि एयरपोर्ट विस्तारीकरण की प्रक्रिया में लोगों के हितों को सर्वोपरि रखा जाएगा ताकि प्रभावितों का बेहतर तरीके से पुनर्वास तथा पुनस्र्थापन बेहतर तरीके से हो सके।
    शनिवार को उपायुक्त कार्यालय परिसर के सभागार में एयरपोर्ट विस्तारीकरण की पुनर्वास एवं पुर्नस्थापन प्रारूप कमेटी की बैठक की अध्यक्षता करते हुए उपायुक्त हेमराज बैरवा ने कहा कि एयरपोर्ट के विस्तारीकरण से संबंधित पंचायतों के पटवारघरों में 5, 6 तथा 7 फरवरी को जनसुनवाई आयोजित की गई थी जिसमें संबंधित प्रतिनिधियों तथा लोगों के सुझावों को प्रमुखता से लिया गया था तथा उसी के आधार पर पुनर्वास तथा पुनस्र्थापन का प्रारूप तैयार किया जा रहा है तथा इसे अंतिम रूप देने से दृष्टि से  कमेटी की यह अहम बैठक रखी गई थी। जिसमें कमेटी के सभी सदस्यों के साथ प्रारूप को लेकर चर्चा की गई तथा

उसमें कमेटी के सदस्यों के सुझावों को भी शामिल किया गया ताकि प्रारूप को मंजूरी के लिए मंडलायुक्त के माध्यम से सरकार को भेजा जा सके।
उन्होंने बताया कि भू अधिग्रहण की प्रक्रिया के लिए मंडलायुक्त कांगड़ा को आयुक्त, अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी को प्रशासक तथा एसडीएम कांगड़ा को समाहर्ता नियुक्त किया गया है। उन्होंने बताया कि गगल एयरपोर्ट के विस्तारीकरण में आठ पंचायतों के 14 राजस्व गांवों की भूमि अधिग्रहित करना प्रस्तावित है इसमें राजस्व गांव रच्छियालु, जुगेहड़, भड़ोल, कयोड़िया, बाग, बल्ला, बरसवालकड़, भेड़ी, ढुगियारी खास, गगल खास, झिकली इच्छी, मुगरहाद, सहौड़ा, सनौरा शामिल हैं।
  इस अवसर पर एडीएम डा हरीश गज्जू, एसडीएम निशांत जस्वाल, पर्यटन विभाग के उपनिदेशक विनय धीमान सहित कमेटी के विभिन्न सदस्य उपस्थित थे।